मंगलवार को राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू ने विधानसभा में नवनिर्वाचित सदस्य के संबोधित करने के क्रम में कहा कि झारखंड के आदिवासियों की पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था को और भी मजबूत किया जाएगा एवं सीएनटी एसपीटी एक्ट का पालन सख्ती से किया जाएगा। इसमें किसी का भी अहित नहीं होगा एवं उन्होंने कहा कि रोजगार, किसानों की मदद, दलित आदिवासियों के अधिकारों की रक्षा करना ही सरकार की पहली प्राथमिकता होगी।

राज्यपाल ने भाषण में कहा कि किसानों को फसल का न्यूनतम समर्थन मूल्य भी दिया जाएगा और आदिवासी और मूलवासी को उनका अधिकार दिया जाएगा।

साथ ही साथ उन्होंने बताया कि सरकारी स्कूलों की शिक्षा का स्तर में भी सुधार होगा एवं झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले व्यक्तियों पर भी ध्यान केंद्रित किया जाएगा साथ ही साथ सभी के लिए स्वास्थ्य व्यवस्था एवं इको टूरिज्म को भी बढ़ावा दिया जाएगा ।

उन्होंने यह भी कहा कि शहीदों के गांव जिसमें भोगनाडीह और उलीहातू को पर्यटक केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। सरकारी कर्मी ,पुलिस अधीक्षक ,आंगनवाड़ी कर्मियों के हित को ध्यान में रखकर सरकार कोई भी फैसला करेगी।