Vks jharkhand aaj tak news
जेएसएससी सीजीएल मामले में नया खुलासा .राज्य में जेएसएससी सीजीएल परीक्षा में धन उगाही मामले की जांच कर रही एसआईटी अब आगे कार्रवाई की तैयारी में जुड़ गई है. उसे आईआरबी के 6 जवानों पर मुकदमा चलाने का अनुमति मिल गया है. इस जवानों में गौरव कुमार, अभिलाष कुमार ,कुंदन कुमार ,रोबिन कुमार ,अखिलेश कुमार और कृष्णा स्नेही शामिल है .इसके लिए सीट न्यायालय में चार्जसीट दे चुकी है. इन सभी जवान को निलंबित कर दिया गया था. अभी तक एसआईटी ने 13 के खिलाफ न्यायालय में चार्जसीट किया है. वर्तमान में केस के दो संदिग्ध सीआईडी की नजर में फरार चल रहे हैं जबकि भूमिका पर जांच जारी है .इस बात का खुलासा हो चुका है आईआरबी के जवानों ने ही 28 परीक्षार्थी को पास करने का वादा किया था. जवान द्वारा ही परीक्षार्थी को सेट किया गया था. इस शर्त के आधार पर झारखंड से बाहर ले जाया गया. वहां पर प्रश्न रटवाए .28 परीक्षार्थी को नेपाल के वीरगंज में जो प्रश्न दिया गया था वहां से लौट के बाद यह सारे लोग परीक्षा में शामिल हुए. इसमें से 10 लोगों ने परीक्षा पास किया. पास करने के लिए 20 लाख रुपया में सौदा तय हुआ था .इसके बाद चार-चार लाख रुपया लिया गया है. कुंदन से मास्टरमाइंड संदीप त्रिपाठी ने असम राइफल्स के जवान रामनिवास राय और उसके भाई निवास राय के लिए जरिए संपर्क किया था. पैसे का लेनदेन के लिए कुंदन की पत्नी कंचन के बैंक खातों का इस्तेमाल किया गया था इन खातों में लगभग ₹300000 रामनिवास का भतीजा कविराज उर्फ मोटू को भेजा गया था. पैसे के लेनदेन के रेफरेंस में निवास एवं jas का जिक्र कोड के तौर पर किया गया था. सफल अभ्यर्थी नवीन कुमार से 27 सितंबर को 90 हजार 6 अक्टूबर 2024 को 60000 लिया गया था .कुंदन के एजेंट के तौर पर काम कर रहे आईआरबी जवान रोबिन कुमार ने चार अभ्यर्थी दयानंद कुमार रामचंद्र रजक नवीन यादव दिलीप कुमार पासवान को नेपाल ले जाने में भूमिका निभाई थी. रॉबिन ने कुंदन की पत्नी कंचन के खाते में 455000 जमा कराया था. आईआरबी का जवान गौरव कुमार सुनील कुमार दांगी बृजेश कुमार रितेश भारद्वाज बी भूमि अमन अमन कुमार सिंह के नाम के विद्यार्थी को नेपाल ले जाने में मदद की थी. पांच में विभूति व अमन कुमार सिंह परीक्षा में सफल हो गए हैं.