सत्र 2020-21 के बजट में कृषि विभाग में बदलाव करने की तैयारी की जा रही है बता दे कि इसमें सरकार द्वारा शुरू की गई मुख्यमंत्री आशीर्वाद योजना को बंद करने की बात कही जा रही है यह भी कहा गया है कि मुख्यमंत्री आशीर्वाद योजना में खर्च होने वाली राशि का उपयोग किसानों के कर्ज माफ करने में किया जाएगा। मुख्यमंत्री आशीर्वाद योजना के अंतर्गत सरकार किसानों को प्रति एकड़ ₹5000 दे रही थी अधिकतम 5 एकड़ तक खेती करने वाले किसानों को इसका लाभ मिला था , इसके लिए सरकार को करीब ₹1000 का खर्च करना होता था परंतु हेमंत सरकार ने नया प्रस्ताव बनाया है जिसके अनुसार योजना को बंद कर किसानों के कर्ज को माफ किया जाएगा।

बता दे कि कृषि विभाग में धान बेचने वाले किसानों को प्रति क्विंटल ₹500 देने का प्रस्ताव भी देने को कहा गया है धान की खरीदारी का काम भी आपूर्ति विभाग करता है इसके लिए समन्वय स्थापित करना होगा। बता दें कि ऐसे किसानों की सूची खाद आपूर्ति विभाग से प्राप्त कर प्रति किलो ₹500 के हिसाब से ही लाभ दिया जाएगा। यूपीए चुनाव के घोषणा पत्र में किसानों के कर्ज माफ करने की बात को शामिल किया था इसमें आने वाले वित्तीय वर्ष में करीब 2000 करोड़ का प्रावधान होगा। वर्तमान सरकार ने किसानों की ऋण माफी के लिए प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया है।