झारखंड राज्य के सहकारी बैंकों में 546 पदों में से 226 पद खाली है। बता दें कि राज्य में 105 सहकारी बैंक की शाखाएं हैं जिसमे राज्य गठन के बाद केवल एक बार बहाली की गई। वह भी 2014 में हेमंत सरकार के समय 100 लोगों की नियुक्ति की गई थी उसके बाद 100 लोगो की सेवानिवृत्ति भी हो गई है बावजूद इसके अब तक बहाली नहीं की गई है, इसकी स्थिति ज्यों की त्यों बनी हुई है ।

बता दें कि सहकारी बैंकों के विभिन्न शाखाओं में सबसे ज्यादा कार्य अनुबंधित कर्मचारी द्वारा लिया जाता है। हालांकि अब तक इन रिक्तियों को भरने की दिशा में कोई भी कार्यवाही नही की गई है। राज्य कर्मचारी सहकारी कर्मचारी संघ ने कार्यबल की कमी को लेकर सरकार को कई बार ज्ञापन सौंपा है परंतु इसके बाद भी इस पर कोई कार्यवाही नहीं की गई है।