झारखंड के किस जिले के 4 गांव से 100 वर्ष में एक भी मामला थाना नहीं गया
झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के 4 गांव जहां 100 वर्ष से एक भी मामला थाना नहीं पहुंचा है, यहां पर सारे विवादों का फैसला मुंडा के द्वारा किया जाता है. यह 4 गांव है, सपरमगुट्टु, फुलकार्म,गाङासाई, धोबा डीहा।
धोबा डीहा में 70 सालों से लोहरा, नायक और आदिवासी समुदाय के लोग रहते हैं। यहां पर जितने भी विवाद आते हैं इन सभी विवादों का निपटारा मुंडा के द्वारा किया जाता है।
मुंडा झारखंड की 32 जातियों में से एक है जो कि मैं क्षेत्र में निवास करती है। इसकी भाषा मुंडारी है यह ऑस्ट्रोएशियाटिक परिवार की एक प्रमुख भाषा है। मुंडाओं का प्रमुख त्योहार सरहुल, कर्मा, सोहराई, मांगे और फागू है।