26 फरवरी 2002 को कैबिनेट की सहमति से पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी के कार्यकाल में झारखंड राज्य का चिन्ह बना था। गौरतलब है कि राज्य के प्रथम केबिनेट मंत्री सचिव नरेंद्र भगत के अधिसूचना को 15 नवंबर 2000 से ही प्रभावित किया गया था ।

इसमें स्टेट एंब्लेम के हर पहलू का उल्लेख किया गया है एवं इसमें बना वर्ग आकाश, पवन, जल, अग्नि एवं धरती इन पांचों तत्व का प्रतिनिधित्व करता है इसमें इस्तेमाल किया गया हल्का हरा रंग झारखंड को हरी भरी धरती और वन को दर्शाता है। इसमें बना अशोक चक्र राज्य की संप्रभुता शक्ति को दर्शाता है।