यमुना एक्सप्रेस वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण ने जेपी समूह के बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट का आवंटन रद्द कर दिया है। बता दें कि ऐसा इसलिए किया गया है क्योंकि कुल 864 करोड़ रुपए बकाया का भुगतान अब तक नहीं किया गया है जिस वजह से सख्ती अपनाई गई है ।

यह फैसला यमुना प्राधिकरण बोर्ड में शुक्रवार को हुई बैठक के दौरान ली गई है। जेपी समूह के इस परियोजना में फार्मूला वन रेसिंग, ट्रैक ,निर्माणाधीन क्रिकेट स्टेडियम सहित कई आवासीय परियोजनाएं भी शामिल है।

साल 2008 में 1000 हेक्टेयर जमीन ₹1000 प्रति वर्ग मीटर की दर से दी गई थी जिसमें कंपनी ने यहां पर बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट तैयार कराया यह एक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम निर्माणाधीन है। अधिकारियों ने यह बताया कि इस योजना के काम निर्धारित 10 साल में पूरे नहीं हुए हैं जिस वजह से कंपनी पकाया बढ़ता चला गया है जो 864 करोड से ज्यादा हो गया है।

बता दें कि यह परियोजना रद्द होने के कारण 21 हाउसिंग प्रोजेक्ट प्रभावित हुए हैं जिसमें 13000 और भूखंड के खरीदार है , परंतु यमुना प्राधिकरण ने कहा है कि वह परियोजना के खरीदारों के हितों का पूरा ध्यान रखेंगे और किसी भी व्यक्ति का पैसा नहीं डूबेगा। साथ ही साथ प्राधिकरण में यह भी फैसला लिया है कि एक्सप्रेस-वे के टोल में मिली राशि का 25 फ़ीसदी सुरक्षा पर खर्च होगा बता देगी यहां हर महीने ₹30 करोड की टोल वसूली होती है।