सीबीएसई द्वारा नौवीं से बारहवीं तक के सत्र 2020-21 मई 30% तक सिलेबस को कम किया गया है परंतु 10वीं में धर्मनिरपेक्षता, नागरिकता, राष्ट्रवाद ,नोटबंदी और लोकतांत्रिक अधिकारों के बारे में से संबंधित चैप्टर को सिलेबस से हटा दिया गया है। साथ ही 11 वीं कक्षा के चैप्टर से भी संघवाद ,राष्ट्रवाद, भारत में स्थानीय सरकारों के विकास से संबंधित चैप्टर को हटा दिया गया है एवं 12वीं कक्षा में भारत के अपने पड़ोसियों के साथ संबंध, भारत के आर्थिक विकास की बदलती प्रकृति ,भारत में सामाजिक आंदोलन से संबंधित चैप्टर को हटाया गया है,

जिसके बाद उसकी आलोचना की जा रही है बता दें कि चैप्टर में कटौती के बारे में सीबीएससी ने बताया कि यह सिर्फ 1 साल के लिए है जिसमें 30% की कटौती की गई है और इसका उद्देश्य बच्चों के बीच परीक्षा का तनाव कम करना है।