देशभर में कोरोना के संकट को देखते हुए 21 दिन का लॉक डाउन किया गया है बता दें कि इसके कारण झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) के 2008 में व्याख्याता नियुक्ति घोटाले में 58 व्याख्याताओं की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी गई है.
फिलहाल 25 दिनों तक इनके गिरफ्तारी पर रोक लगाया गया है गौरतलब है कि विभिन्न कॉलेजों के सहायक प्रोफेसर के रूप में कार्यरत 59 व्याख्याताओं के खिलाफ सीबीआई जांच को पूरा कर 30 सितंबर 2019 को चार्जशीट दाखिल किया गया था परंतु केवल 1 व्याख्याताओं की ही गिरफ्तारी हो पाई थी ।

इधर झारखंड सहायक अध्यापक संघ ने कांग्रेस विधायक को अपना एक सूत्री मांग पत्र सौंपा है एवं उन्होंने समान कार्य के लिए समान वेतन की बात कही है इसके बाद विधायक ने उनकी मांग को जायज बताते हुए इसे जल्द पूरा करने का आश्वासन भी दिया है।

कोरोना वायरस के कारण झारखंड सरकार ने सभी विभागों के लिए रोस्टर तैयार की जा रही है इसके संबंध में मुख्य सचिव डॉ डीके तिवारी ने इस संबंध में जानकारी दी एवं उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए इन उपायों के अंतर्गत कम से कम अधिकारी और कार्मिक को कार्यालय में उपस्थित रखना है। ताकि जिन अफसरों और कर्मचारियों की आवश्यकता है केवल उन्हें ही कार्यालय में बुलाया जाए।